Himalaya Koflet Syrup

हिमालया कोफ्लेट सिरप के फायदे, नुकसान, खुराक, सावधानी | Himalaya Koflet Syrup in Hindi

Himalaya Koflet Syrup क्या है?

हिमालया कोफ्लेट सिरप एक OTC हर्बल मेडिसिन है, जिसे खाँसी, COPD (Chronic Obstructive Pulmonary Disease) और ब्रोंकाइटिस के उपचार हेतु चुना जाता है। इस उत्पाद को खरीदने के लिए डॉक्टर की पर्ची नहीं चाहिए, लेकिन बीमारी का प्रभाव ज्यादा होने पर इसकी सही खुराक के लिए आप किसी अच्छे डॉक्टर की सलाह लें।

यह दवा हर प्रकार की खाँसी को दबाने और लगातार खाँसी की वजह से होने वाले छाती में दर्द व जलन को कम करने का कार्य कर सकती है।

जब हम किसी ऐसे बाहरी पदार्थ के संपर्क में आ जाते है, जिससे एलर्जी हो तब ज्यादातर सुखी खाँसी की समस्या पैदा होती है। हालांकि धूल या मिट्टी के कण, श्वसन मार्ग या फेफड़ों में बैक्टीरियल व वायरल इंफेक्शन, फ्लू, सर्दी और अस्थमा के कारण भी सुखी खाँसी हो सकती है। इस दवा में एंटी-माइक्रोबियल और एंटी-इंफ्लेमेटरी गुण शामिल होते है, जो सुखी खाँसी से निजात दिला सकते है।

अक्सर सर्दी-खाँसी, जुकाम और बुखार के कारण गले में ज्यादा कफ जमा होने लगता है और खाँसी के साथ बाहर निकलने लगता है। इस दवा में पायें जाने वाले एंटी-इंफ्लेमेटरी और एंटीऑक्सीडेंट गुण बलगम खाँसी का उपचार कर सकते है।

नामHimalaya Koflet Syrup
निर्माता (Manufacturer)Himalaya Drug Company
दवा-प्रकार (Type of Drug)आयुर्वेदिक
कीमत (Price)९० रूपये (१००ml)

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हिमालया कोफ्लेट सिरप की संरचना – Composition in Hindi

निम्न घटक Himalaya Koflet Syrup में मौजूद होते है।

मुलेठी + तुलसी + शहद
  • मुलेठी में मौजूद एंटीऑक्सीडेंट प्रॉपर्टीज खाँसी को कम करने में उपयोगी हो सकती है। यह जड़ी-बूटी जिम्मेदार बैक्टीरिया को खत्म कर गले में दर्द, सूजन और जलन से राहत प्रदान कर सकती है क्योंकि इसमें एंटीबायोटिक और एंटी-इंफ्लेमेटरी गुण भी पायें जाते है।
  • तुलसी क्रोनिक खाँसी के लिए काफी फायदेमंद हो सकती है। इसमें मौजूद Antitussive गुण, कफ को कम कर चेस्ट कंजेस्शन से आराम दिला सकता है।
  • शहद को सुखी खाँसी का घरेलू रामबाण इलाज माना जाता है। यह गले की मांसपेशियों को आराम प्रदान कर खराश ठीक सकता है।

हिमालया कोफ्लेट सिरप के फायदे – Benefits in Hindi

निम्न अवस्था या विकार में Himalaya Koflet Syrup को विशेषज्ञ द्वारा रोगी को सलाह किया जाता है। Himalaya Koflet Syrup का उपयोग विशेषज्ञ से व्यक्तिगत सलाह बिना लिए ना करें।

  • सुखी खाँसी
  • बलगम खाँसी
  • क्रोनिक खाँसी
  • ब्रोंकाइटिस
  • COPD

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हिमालया कोफ्लेट सिरप के दुष्प्रभाव – Side Effects in Hindi

हिमालया कोफ्लेट सिरप का कोई संभावित दुष्प्रभाव ज्ञात नहीं है। लेकिन इसकी ज्यादा खुराक लेने पर कभी-कभी सुस्ती और उनींदापन की शिकायत हो सकती है। इस सिरप से कोई साइड इफेक्ट्स महसूस होने पर इसका इस्तेमाल करना बंद कर अपने डॉक्टर से बातचीत करें।

हिमालया कोफ्लेट सिरप की खुराक – Dosage in Hindi

खुराक विशेषज्ञ द्वारा Koflet Syrup की रोगी की अवस्था अनुसार दी जाती है। इसलिए Koflet Syrup का उपयोग विशेषज्ञ से सलाह लेने के बाद शुरू करें।

एक सामान्य व्यक्ति, कोफ्लेट सिरप की दिन में 3 से 4 बार खुराक लें सकता है। एक समय में इस सिरप की 10ml मात्रा का प्रयोग करें।

2 से 12 वर्ष के बच्चों में, इस दवा की प्रतिदिन 5ml खुराक दिन में 2 से 3 बार दे सकते है।

कोफ्लेट सिरप को अपनी इच्छानुसार भोजन से पहले या बाद में उपयोग किया जा सकता है। इस सिरप को लेने के बाद कुछ देर तक पानी न पीयें।

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सावधानियां – Precautions in Hindi

निम्न सावधानियों के बारे में Himalaya Koflet Syrup के उपयोग से पहले जानना जरूरी है।

किसी अवस्था से प्रतिक्रिया

निम्न अवस्था व विकार में Himalaya Koflet Syrup से दुष्प्रभाव की संभावना ज्यादा होती है। इसलिए जरूरत पर, विशेषज्ञ को अवस्था बताकर ही Himalaya Koflet Syrup की खुराक लें।

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